सहारनपुर में अनफिट स्कूली वाहनों पर परिवहन विभाग का बड़ा एक्शन
Saharanpur School Bus Fitness
सहारनपुर जिले में स्कूली बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए संभागीय परिवहन विभाग ने अनफिट स्कूल वाहनों के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। फिटनेस अवधि पूरी हो जाने के बाद भी बच्चों को ढोने में धड़ल्ले से इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों को लेकर विभाग ने कड़ा रुख अपनाया है। परिवहन विभाग की ओर से संबंधित स्कूल प्रबंधनों और वाहन स्वामियों को औपचारिक नोटिस जारी कर दिए गए हैं। विभाग द्वारा की गई इस सख्त कार्रवाई की जद में जिले के 10 प्रमुख स्कूलों के कुल 31 स्कूली वाहन आए हैं।

मिशन सेफ फ्यूचर 2.0 के तहत चलाया जा रहा विशेष जांच अभियान
सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रशासन) मानवेंद्र प्रताप सिंह ने इस कार्रवाई की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि 'मिशन सेफ फ्यूचर 2.0' के अंतर्गत पूरे जिले में अनफिट स्कूली वाहनों की जांच और प्रवर्तन कार्रवाई के लिए एक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। यह सघन जांच अभियान 11 अगस्त से 25 अगस्त तक संचालित किया जा रहा है। इसी अभियान के क्रम में विभाग ने उन सभी वाहनों की सूची तैयार की है जिनकी फिटनेस समाप्त हो चुकी है और उन्हें तत्काल प्रभाव से नोटिस भेजे गए हैं।
प्रशासन की सख्त चेतावनी: जल्द पूरी कराएं फिटनेस प्रक्रिया
परिवहन विभाग के अधिकारियों ने सभी संबंधित स्कूल संचालकों और वाहन स्वामियों को दो टूक निर्देश दिए हैं कि वे अपने वाहनों की फिटनेस प्रक्रिया अविलंब पूरी कराएं। बच्चों की जान जोखिम में डालकर फिटनेस समाप्त होने के बावजूद वाहनों का संचालन किए जाने को लेकर विभाग ने बेहद सख्त रुख अख्तियार किया है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी सूरत में सुरक्षा नियमों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
डीआईओएस और बीएसए के निर्देशों के बाद भी बरती गई लापरवाही
स्कूली वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने के उद्देश्य से पूर्व में जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) और बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) की ओर से भी सभी स्कूल प्रबंधनों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए थे। इन तमाम निर्देशों और चेतावनियों के बावजूद परिवहन विभाग की आधिकारिक सूची में जिले के 10 स्कूलों के 31 ऐसे वाहन चिन्हित किए गए जो बिना वैध फिटनेस के सड़कों पर दौड़ रहे थे। प्रशासन का प्राथमिक उद्देश्य नौनिहालों को ऐसे वाहनों में यात्रा करने से रोकना है, जो निर्धारित सुरक्षा मानकों और तकनीकी फिटनेस शर्तों पर खरे नहीं उतरते।
कार्रवाई की जद में आए स्कूलों और वाहनों का ब्योरा
परिवहन विभाग द्वारा जारी की गई सूची के अनुसार विभिन्न स्कूलों के वाहनों का विवरण इस प्रकार है:
- ब्राइट होम पब्लिक स्कूल, नानोता: इस स्कूल के सर्वाधिक 9 वाहन सूची में शामिल हैं।
- बीएएसएम ग्लोबल स्कूल, जंधेड़ी: इस स्कूल के वाहन भी अनफिट सूची में दर्ज हैं।
- ब्राइट फ्यूचर पब्लिक स्कूल, दौलतपुर: फिटनेस समाप्त वाहनों की श्रेणी में शामिल।
- कैविलन सेंट्रल एकेडमी, नयागांव (पठेड़ कला): स्कूल के वाहनों पर फिटनेस न होने पर नोटिस जारी।
- एमआरएस मेमोरियल स्कूल, नकुड़: इस स्कूल के 3 वाहन अनफिट पाए गए।
- एमआरएस मेमोरियल स्कूल, गंगोह रोड: इस शाखा के भी 3 वाहन सूची में शामिल हैं।
- भगवती शेर सिंह मेमोरियल, जंधेड़ी: 2 वाहनों की फिटनेस समाप्त पाई गई।
- डिसेंट इंडियन पब्लिक कॉलेज, मुजफ्फराबाद: 2 वाहनों को नोटिस जारी।
- दून हिल्स एकेडमी, देवबंद: 2 वाहन अनफिट मिले।
- जिला सिंह पब्लिक इंटर कॉलेज, तिरपड़ी (नकुड़): 2 वाहन शामिल।
- माउंट लिटेरा जी स्कूल, चुनहेटी फाटक: 2 वाहनों की फिटनेस समाप्त होने पर कार्रवाई की जद में।
बिना वैध फिटनेस वाहन चलाने पर होगी जब्ती और प्रवर्तन कार्रवाई
एआरटीओ प्रशासन ने संबंधित स्कूल प्रबंधनों और वाहन स्वामियों को कड़े शब्दों में चेताया है कि जब तक फिटनेस प्रमाण पत्र विधिवत प्राप्त न हो जाए, तब तक इन वाहनों का संचालन किसी भी हाल में न किया जाए। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अभियान के दौरान यदि कोई भी फिटनेस समाप्त वाहन सड़क पर बच्चों को ले जाता हुआ पाया गया, तो उसके खिलाफ प्रवर्तन स्तर पर सीज करने और चालान जैसी कठोर विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। परिवहन विभाग का यह विशेष चेकिंग अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा।