सहारनपुर में सावन माह को लेकर प्रशासन को सौंपा गया ज्ञापन Saharanpur Sawan Meat Shop Ban Demand
सहारनपुर क्षेत्र में आगामी पवित्र सावन माह को ध्यान में रखते हुए विभिन्न हिंदू संगठनों के प्रतिनिधियों ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। गुरुवार को हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) से मुलाकात की और उन्हें एक औपचारिक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से सावन के पावन महीने के दौरान श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाओं का विशेष सम्मान करने की अपील की गई है और निर्धारित अवधि तक क्षेत्र में संचालित सभी मीट की दुकानों को पूर्ण रूप से बंद रखने की मांग रखी गई है।

30 जुलाई से 14 अगस्त तक मीट की दुकानें बंद रखने की मांग
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि वर्ष 2026 में 30 जुलाई 2026 से लेकर 13 अगस्त 2026 तक सावन का पवित्र महीना चलेगा। इस दौरान क्षेत्र के लाखों श्रद्धालु और शिवभक्त हरिद्वार से पवित्र गंगाजल लेकर अपनी पैदल व कांवड़ यात्रा पर निकलते हैं। श्रद्धालु यह गंगाजल लाकर अपने-अपने गांवों और कस्बों के स्थानीय शिव मंदिरों में भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करते हैं। श्रद्धालुओं की इस पावन यात्रा और धार्मिक आस्था को देखते हुए प्रशासन से अनुरोध किया गया है कि 30 जुलाई 2026 से 14 अगस्त 2026 तक संबंधित पूरे क्षेत्र में मीट की दुकानों को बंद रखने के लिए तत्काल आवश्यक कानूनी व प्रशासनिक कार्रवाई की जाए।
धार्मिक भावनाएं आहत होने का दिया गया हवाला
हिंदू संगठनों के प्रतिनिधियों ने ज्ञापन के जरिए अवगत कराया कि कांवड़ और गंगाजल यात्रा मार्गों पर कई स्थानों पर मीट की दुकानें खुली रहती हैं। यात्रा के दौरान खुले में मीट की बिक्री या दुकानों की उपस्थिति से पवित्र वातावरण प्रभावित होता है, जिससे दूर-दूर से आ रहे कांवड़ियों और स्थानीय श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं आहत होती हैं। संगठनों का तर्क है कि सावन के दौरान सात्विक माहौल बनाए रखने के लिए इन दुकानों को अस्थाई रूप से बंद करना अत्यंत आवश्यक है।
मांग पूरी न होने पर कार्यकर्ताओं ने दी चेतावनी
ज्ञापन में स्पष्ट रूप से यह बात भी जोड़ी गई है कि यदि प्रशासन द्वारा निर्धारित अवधि में मीट की दुकानों को बंद करने के निर्देश लागू नहीं किए जाते हैं या दुकानें खुली पाई जाती हैं, तो संगठन के कार्यकर्ता स्वयं सक्रिय होकर उन्हें बंद कराने का प्रयास करेंगे। संगठनों ने प्रशासन से समय रहते स्थिति को संभालने और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाने की अपील की है।
ज्ञापन सौंपने के दौरान मौजूद रहे प्रमुख पदाधिकारी
इस ज्ञापन को सौंपने के दौरान क्षेत्र के कई प्रमुख संगठनों से जुड़े पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इनमें मुख्य रूप से मनीष योगाचार्य, हरीश कौशिक, अनुज सैनी, शिवम भटनागर, दीपक सैनी, राजपाल जी, अमित जी, राहुल जी, सुमित जी, विपुल बड़कला तथा सन्नी जी सहित कई अन्य कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी शामिल रहे। सभी सदस्यों ने एक स्वर में प्रशासन से इस विषय पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की मांग की।
संपादकीय टिप्पणी और प्रशासनिक आदेश पर नजर
यह समाचार संबंधित हिंदू संगठनों द्वारा जारी की गई आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के आधार पर तैयार किया गया है। समाचार रिपोर्ट में उल्लिखित सभी मांगें, तर्क और दावे संगठनों द्वारा दी गई जानकारी पर आधारित हैं। इस विषय पर प्रशासनिक स्तर से यदि कोई आधिकारिक आदेश, दिशा-निर्देश या प्रतिक्रिया जारी की जाती है, तो इस समाचार को अद्यतन (update) कर दिया जाएगा।