हरिद्वार में कांवड़ खंडित होने पर विवाद, कांवड़ियों ने कार चालक को पीटा
Haridwar Kanwar Yatra Violence
मंगलौर कोतवाली क्षेत्र की घटना: हरिद्वार में कांवड़ यात्रा के दौरान शांति एवं कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है। दिनांक 01.08.2026 की रात्रि लगभग 08:30 बजे पुलिस को सूचना प्राप्त हुई कि हाईवे फ्लाईओवर के निकट स्थित गोल्डन ढाबा के पास कुछ कांवड़ियों द्वारा एक कांवड़िये के साथ मारपीट की जा रही है। सूचना मिलते ही प्रभारी निरीक्षक कोतवाली मंगलौर पुलिस बल के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया।

कार से कांवड़ टकराने पर भड़का विवाद, गाड़ी को किया क्षतिग्रस्त
हादसे के बाद बढ़ा तनाव: प्रारंभिक जांच में ज्ञात हुआ है कि अल्टो कार संख्या HR 38AC-7944 हरिद्वार से दिल्ली की ओर जा रही थी। कार का चालक भी एक कांवड़िया था और हरिद्वार से गंगाजल लेकर अपने घर लौट रहा था। गोल्डन ढाबा फ्लाईओवर के समीप कार की टक्कर एक अज्ञात कांवड़िये की कांवड़ से हो गई, जिससे उसकी कांवड़ खंडित हो गई। कांवड़ खंडित होने से भड़के कुछ अज्ञात कांवड़ियों ने कार चालक के साथ मारपीट शुरू कर दी तथा उसकी कार को भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, मुकदमा हुआ दर्ज
तत्काल नियंत्रित की गई स्थिति: मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों द्वारा तत्परता दिखाते हुए स्थिति को नियंत्रित कर मामला शांत कराया गया। पीड़ित अल्टो कार चालक की तहरीर के आधार पर कोतवाली मंगलौर में अभियोग संख्या-388/2026 पंजीकृत कर लिया गया है। पुलिस द्वारा मामले में अग्रिम विधिक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
एक आरोपी राजा उर्फ राजेश गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
हिरासत में लिया गया आरोपी: घटना के संबंध में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मौके से एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है। पकड़े गए आरोपी का नाम राजा उर्फ राजेश है, जो गंगनहर का निवासी है। पुलिस का कहना है कि घटना में शामिल अन्य संलिप्त व्यक्तियों की पहचान की जा रही है और उनके विरुद्ध भी आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

उत्तराखंड पुलिस की शिवभक्तों से अपील और सख्त चेतावनी
माहौल खराब करने पर होगी तगड़ी कार्रवाई: हरिद्वार पुलिस ने हर शिवभक्त से अपील की है कि कांवड़ मेला एक अत्यंत पवित्र पर्व है, अतः सभी श्रद्धालु भक्ति भाव से आकर शिव की नगरी से जल लेकर जाएं। उत्तराखंड पुलिस हर समय श्रद्धालुओं की सहायता और सुरक्षा में मुस्तैद है। इसके साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि कोई भी व्यक्ति किसी भी रूप में शांति व्यवस्था प्रभावित करता है, तो उसके खिलाफ उत्तराखंड पुलिस द्वारा तत्काल कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।